‘सुर साधना’ से सजेगा यूपी, कलाकारों को मंच उपलब्ध कराएगी योगी सरकार

'सुर साधना' से सजेगा यूपी, कलाकारों को मंच उपलब्ध कराएगी योगी सरकार

लखनऊ: योगी सरकार के नेतृत्व में नवरात्रि के दौरान उत्तर प्रदेश के कई जनपदों में स्थानीय कलाकार ‘सुर साधना’ करेंगे। यह आयोजन 27 सितंबर (शनिवार) से होगा। इसके जरिए योगी सरकार पंजीकृत कलाकारों को मंच मुहैया कराएगी। यह आयोजन राजधानी लखनऊ, वाराणसी, झांसी, मथुरा, गोरखपुर, आगरा, सीतापुर, अयोध्या समेत अनेक जनपदों में होगा।

राजधानी लखनऊ के जनेश्वर मिश्र पार्क व कुड़िया घाट समेत प्रदेश के दो दर्जन से अधिक धार्मिक व पर्यटन स्थलों पर यह आयोजन होगा। सरकार लोक नृत्य के कलाकारों को 15 हजार, लोकगायकों को 10 हजार और अन्य विधाओं के कलाकारों को पांच हजार रुपये पारिश्रमिक स्वरूप भी देगी।

यह होगी सांस्कृतिक गतिविधियां

योगी सरकार पंजीकृत लोक कलाकारों को मंच प्रदान करने, सांस्कृतिक पर्यटन को बढ़ावा देने, पारंपरिक लोक कलाकारों के संरक्षण व संवर्धन, शहरी/ग्रामीण दर्शकों को लोक संस्कृति से जोड़ने व सांस्कृतिक चेतना विकसित करने के उद्देश्य से यह आयोजन करा रही है। 27 सितंबर से होने वाली सुर साधना में कलाकारों द्वारा लोकगायन, भजन/कीर्तन, लोकनृत्य/लोकनाट्य प्रस्तुति, कठपुतली/जादू, शास्त्रीय गायन/वादन, किस्सागोई/दास्तानगोई व काव्य पाठ आदि होगा।

स्थानीय कलाकारों को दी जाएगी प्राथमिकता

उत्तर प्रदेश के संस्कृति विभाग ने पर्यटकों के साथ-साथ आम लोगों को भी लोककलाओं की तरफ आकर्षित करने की कवायद शुरू की है। इसके तहत प्रदेश के धार्मिक व पर्यटन स्थलों पर लोक कलाकारों की प्रस्तुति होगी। सुर साधना में स्थानीय कलाकारों को प्राथमिकता दी जाएगी।

कलाकारों को मंच मुहैया कराने के साथ ही पारिश्रमिक भी दिया जाएगा। लोकनृत्य के लिए 15 हजार रुपये, भजन/लोकगायन के लिए 10 हजार रुपये व अन्य विधाओं- जादू, कठपुतली, किस्सागोई दास्तानगोई, काव्य पाठ आदि के लिए कलाकारों को पांच हजार रुपये प्रदान किया जाएगा।

प्रदेश के इन स्थानों पर होगा आयोजन

  • कुसुमवन सरोवर, मथुरा
  • झांसी का किला, झांसी
  • रामघाट, चित्रकूट
  • नया अस्सी घाट, वाराणसी
  • त्रिवेणी घाट, प्रयागराज
  • जनेश्वर मिश्र पार्क, लखनऊ
  • कुड़िया घाट, लखनऊ
  • शिल्पग्राम, आगरा
  • बटेश्वर धाम, आगरा
  • डााइट ऑडिटोरियम विकास भवन, बदायूं
  • नैमिषारण्य धाम, सीतापुर
  • रामगढ़ताल, गोरखपुर
  • राम की पैड़ी, अयोध्या
  • सामौर बाबा धाम, फिरोजाबाद
  • सीता समाहित स्थल, भदोही
  • पाल्हमेश्वरी देवी मंदिर, आजमगढ़
  • विंध्यवासिनी देवी मंदिर, विंध्याचल
  • प्रेम मंदिर, वृंदावन
  • शुक्र तीर्थ, मुजफ्फरनगर
  • देवीपाटन मंदिर, बलरामपुर
  • गढ़ मुक्तेश्वर, हापुड़
  • मां शाकुंभरी देवी मंदिर, सहारनपुर
  • शीतला माता मंदिर, मैनपुर।
Previous post

बरेली में ‘आई लव मोहम्मद’ जुलूस में बवाल, जुमे की नमाज के बाद पथराव, पुलिस ने किया लाठीचार्ज

Next post

यूपी इंटरनेशनल ट्रेड शो 2025: मंत्री राकेश सचान बोले- निवेश की अपार संभावनाएं, हरसंभव मदद करेगी सरकार

Post Comment

You May Have Missed