बिना लक्षण के शरीर में रहकर गंभीर जटिलताएँ उत्पन्न कर सकता हेपेटाइटिस

बिना लक्षण के शरीर में रहकर गंभीर जटिलताएँ उत्पन्न कर सकता हेपेटाइटिस
  • विश्व हेपेटाइटिस दिवस 2025 के अवसर पर जागरूकता गोष्ठी का आयोजन

लखनऊ: विश्व हेपेटाइटिस दिवस के अवसर पर बलरामपुर चिकित्सालय में जागरूकता गोष्ठी एवं पोस्टर प्रस्तुतीकरण का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य हेपेटाइटिस जैसे गंभीर संक्रमण के प्रति स्वास्थ्यकर्मियों और आमजन में जागरूकता फैलाना था। गोष्ठी की अध्यक्षता निदेशक बलरामपुर चिकित्सालय डॉ कविता आर्या द्वारा की गई। उन्होंने बताया, हेपेटाइटिस एक ऐसा संक्रमण है जो वर्षों तक बिना लक्षण के शरीर में रहकर गंभीर जटिलताएँ उत्पन्न कर सकता है। हम सभी स्वास्थ्यकर्मियों की यह जिम्मेदारी है कि सही जानकारी, समय पर जांच और उपचार को जनसामान्य तक पहुँचाएं। बलरामपुर चिकित्सालय में हम इलाज के साथ-साथ जनजागरूकता को भी प्राथमिकता दे रहे हैं।

बिना लक्षण के शरीर में रहकर गंभीर जटिलताएँ उत्पन्न कर सकता हेपेटाइटिस

समय पर जांच इलाज से हेपेटाइटिस को रोका जा सकता है

कार्यक्रम में वरिष्ठ फिजीशियन डॉ. विष्णु द्वारा हेपेटाइटिस के विभिन्न प्रकार, कारण, लक्षण, रोकथाम और टीकाकरण की विस्तृत जानकारी दी गई। उन्होंने बताया कि हेपेटाइटिस बी और सी विशेष रूप से गंभीर हैं, और समय पर जांच व इलाज से इन्हें रोका जा सकता है। मेडिकल सुपरिंटेंडेंट डॉ. हिमांशु चतुर्वेदी ने भी इस अवसर पर अपने विचार साझा किए। उन्होंने बताया, बलरामपुर चिकित्सालय में संक्रमण नियंत्रण, सुरक्षित सुई प्रबंधन और रक्त जांच जैसे पहलुओं को विशेष रूप से सुदृढ़ किया जा रहा है, जिससे हेपेटाइटिस जैसी बीमारियों की रोकथाम संभव हो सके। कार्यक्रम में पोस्टर प्रदर्शनी, सवाल-जवाब सत्र, और जागरूकता भी किया गया।

Post Comment

You May Have Missed