लखनऊ केजीएमयू के हॉस्टलों में नॉनवेज बैन, सपा बोली- तुगलकी फरमान; कांग्रेस ने भी साधा निशाना
लखनऊ: राजधानी के किंग जॉर्ज मेडिकल यूनिवर्सिटी (KGMU) के हॉस्टलों में नॉन-वेज पर बैन को लेकर सियासत शुरू हो गई है। सपा प्रवक्ता फखरुल हसन चांद ने बुधवार को कहा- यह आदेश तुगलकी फरमान है। जो भाजपा सांसद बंगाल में मछली-भात खाते हैं, उनके लिए कोई राज्यपाल आनंदीबेन पटेल कोई आदेश देंगी क्या? केवल यूपी में आने के बाद आपकी विचारधारा बदल जाती है।
लखनऊ ईदगाह के इमाम मौलाना खालिद रशीद फिरंगी महली ने कहा कि KGMU प्रशासन को फैसला वापस लेना चाहिए। भारत में 61% से अधिक लोग मांसाहारी हैं। मेडिकल के नजरिए से मांसाहारी भोजन मानव स्वास्थ्य के लिए फायदेमंद माना जाता है।
विश्वविद्यालय खुद करता है फैसला: दिनेश शर्मा
शिया धर्मगुरु मौलाना यासूब अब्बास ने कहा कि यूनिवर्सिटी का फैसला है। इस पर किसी को टिप्पणी करने की जरूरत नहीं है। अगर कोई नॉन-वेज खाना चाहता है तो बाहर जाकर खा सकता है। इसे सियासत से नहीं जोड़ना चाहिए। वहीं, भाजपा सांसद दिनेश शर्मा ने कहा- छात्रों को कैसा खाना दिया जाएगा, यह फैसला विश्वविद्यालय खुद करता है। अगर ज्यादातर छात्र किसी खास तरह का भोजन पसंद करते हैं, तो संस्थान उसके अनुसार व्यवस्था कर सकता है। इसे विवाद का विषय नहीं बनाना चाहिए।
नॉनवेज की जगह प्रोटिन वाले शाकाहारी खाने दिए जाएं
केजीएमयू के चीफ प्रोवोस्ट प्रो. कमल कुमार सावलानी ने हॉस्टलों की मेस और कैंटीन में नॉनवेज पर बैन को लेकर मंगलवार को आदेश जारी किया। इसमें कहा गया कि मेस और कैंटीन में अब मांसाहारी भोजन न तो पकाया जाएगा और न ही परोसा जाएगा। छात्र-छात्राओं को पर्याप्त प्रोटीन मिले, इसके लिए उनके भोजन में शाकाहारी प्रोटीन वाले खाद्य पदार्थ शामिल किए जाएं। यह आदेश तत्काल प्रभाव से लागू किया जाए।

अभी हफ्ते में 3 बार बनता था नॉन-वेज
KGMU में 18 हॉस्टल हैं। अब तक यहां हर हफ्ते तीन दिन मेस में नॉन-वेज बनाया जाता था। KGMU की स्थापना 1905 में किंग जॉर्ज मेडिकल कॉलेज के रूप में हुई थी। 2002 में इसे विश्वविद्यालय का दर्जा मिला।
जगत गुरु परमहंसचार्य बोले- फैसला सही है
तपस्वी छावनी के पीठाधीश्वर जगत गुरु परमहंसचार्य ने कहा, “आनंदीबेन पटेल का यह जो फैसला है, इसका हम लोग स्वागत करते हैं। ये फैसला उनका बहुत ही अच्छा है। बच्चें मांसाहार करें, फिर नशा करें, उससे उनका भविष्य प्रभावित हो रहा था।
अयोध्या, उत्तर प्रदेश: तपस्वी छावनी के पीठाधीश्वर जगत गुरु परमहंसचार्य ने केजीएमयू के सभी हॉस्टलों में मांसाहारी भोजन पर प्रतिबंध लगने पर कहा, "आनंदीबेन पटेल का यह जो फैसला है, इसका हम लोग स्वागत करते हैं। ये फैसला उनका बहुत ही अच्छा है। बच्चें मांसाहार करें, फिर नशा करें, उससे… pic.twitter.com/rHXhEefOmP
— IANS Hindi (@IANSKhabar) July 15, 2026
राज्यपाल आनंदीबेन ने जो प्रतिबंधित किया है, हम लोग बहुत खुश हैं। हालांकि हमारा उनका निजी कुछ विवाद भी रहा है। क्षेत्रवाद के कारण कई बार गुजरात के लोगों का उन्होंने समर्थन किया है, तो उसको लेकर मैं उनसे आहत भी हूं। लेकिन जो अच्छा काम है उसकी तो प्रशंसा जरूर की जाएगी।
सपा प्रवक्ता आशुतोष वर्मा बोले- पार्टी इसका विरोध करती है
सपा प्रवक्ता आशुतोष वर्मा ने कहा कि पार्टी इसका विरोध करती है। उसकी वजह ही साफ-साफ है। कल गवर्नर के ऑफिशल्स ने कहा कि मेस की हाइजीनिक कंडीशन खराब है। इसका मतलब यह कतई नहीं होता है कि वहां पर नॉन वेज बनाया न जाए या वेज बनाया जाए। लेकिन नेताओं की चाटुकारिता में लगे हुए अफसर और KGMC के कर्मचारी ये तक भूल गए कि वहां सर्वधर्म के सब लोग आते हैं जो वेज-नॉन वेज सब खाते हैं। प्रोटीन का बड़ा सोर्स भी होता है।
लखनऊ, उत्तर प्रदेश: समाजवादी पार्टी के प्रवक्ता आशुतोष वर्मा ने केजीएमयू के सभी हॉस्टलों में मांसाहारी भोजन पर प्रतिबंध लगने पर कहा, "मुझे लगता है कि देश के एपेक्स इंस्टीट्यूट में KGMC और KGMU आता है। जहां पर वर्ल्ड का सबसे अच्छा ब्रेन आता है और उस ब्रेन में इतना दकियानूसी… pic.twitter.com/NL3bvMvB4U
— IANS Hindi (@IANSKhabar) July 15, 2026
मौलाना खालिद रशीद फिरंगी बोले- KGMU प्रशासन फैसला वापस ले
लखनऊ ईदगाह के इमाम मौलाना खालिद रशीद फिरंगी महली ने कहा कि KGMU प्रशासन को यह फैसला वापस लेना चाहिए। भारत में 61% से अधिक लोग मांसाहारी हैं। मेडिकल के नजरिए से मांसाहारी भोजन मानव स्वास्थ्य के लिए फायदेमंद माना जाता है। उससे लोगों को इम्यूनिटी बढ़ती है।
#WATCH | Lucknow, Uttar Pradesh: On a ban on non-vegetarian food in KGMU hostel messes, Islamic scholar Maulana Khalid Rashid Firangi Mahali says, “More than 61% of Indians are non-vegetarian. From a medical standpoint, non-vegetarian food is clearly beneficial for human health… pic.twitter.com/4D5e04Gbbh
— ANI UP/Uttarakhand (@ANINewsUP) July 15, 2026
महंत सत्येंद्र दास बोले- पूरे देश के हॉस्टलों में ऐसा नियम लागू हो
Ayodhya, Uttar Pradesh: On the ban on non-vegetarian food in the KGMU hostel mess in Lucknow, Saint Satendra Das Vedant Ji Maharaj says, "I would like to express my heartfelt gratitude to the Hon'ble Governor. I hope that this decision is implemented not only in Lucknow but… pic.twitter.com/legYnDKFJu
— IANS (@ians_india) July 15, 2026
मौलाना यासूब अब्बास- ये विश्वविद्यालय का फैसला, टिप्पणी करने की जरूरत नहीं
#WATCH | Lucknow, Uttar Pradesh: On a ban on non-vegetarian food in KGMU hostel messes, Maulana Yaqoob Abbas says, “It is an internal arrangement…this is a decision for the KGMU university administration to make. There is no need for anyone to comment on it. If some students… pic.twitter.com/jF2BZz6jpf
— ANI UP/Uttarakhand (@ANINewsUP) July 15, 2026
मंत्री राजभर बोले- हर व्यक्ति स्वतंत्र है
#WATCH | Lucknow, Uttar Pradesh: On a ban on non-vegetarian food in KGMU hostel messes, State Minister Om Prakash Rajbhar says, “Every individual is free. However, it is unrealistic to expect such facilities at a place of worship; religious sites should not have amenities of this… pic.twitter.com/XhXTJBkhxv
— ANI UP/Uttarakhand (@ANINewsUP) July 15, 2026
छात्रों को कैसा खाना दिया जाएगा, यह फैसला विश्वविद्यालय करता है- भाजपा सांसद
#WATCH | Lucknow, Uttar Pradesh: On a ban on non-vegetarian food in KGMU hostel messes, BJP MP Dinesh Sharma says, “Different educational institutions have their own distinct policies. There is no hard-and-fast rule regarding this. It is ultimately the prerogative of the… pic.twitter.com/THiUbM09ki
— ANI UP/Uttarakhand (@ANINewsUP) July 15, 2026
सपा प्रवक्ता बोले- यह तुगलकी फरमान है
#WATCH | Lucknow, Uttar Pradesh: On a ban on non-vegetarian food in KGMU hostel messes, Samajwadi Party National Spokesperson Fakhrul Hasan Chaand says, “The Governor of Uttar Pradesh, Anandiben Patel, just two days ago, made a controversial statement regarding schoolgirls. Then… pic.twitter.com/5LlM8aZFwA
— ANI UP/Uttarakhand (@ANINewsUP) July 15, 2026
कांग्रेस प्रवक्ता का बयान
#Lucknow: KGMU के हॉस्टल में मांस बनाने की रोक पर कांग्रेस नेता अंशू अवस्थी का बयान, बोले- किसी के खानपान, रहन-सहन को नियंत्रित करने का भाजपा को कोई अधिकार नहीं
अंशू अवस्थी ने कहा- ये फैसला तानाशाही वाला है, BJP सरकार के विधायक, मंत्री कर रहे मांस निर्यात का व्यापार#Congress pic.twitter.com/K8qiPclyHB
— My Nation Daily (@mynationdaily) July 15, 2026



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