नेताओं को बहुत बार जिताया, इस बार ‘बेटा’ चुनेगी जनता: गौरव सक्सेना

नेताओं को बहुत बार जिताया, इस बार 'बेटा' चुनेगी जनता: गौरव सक्सेना
  • शहर विधानसभा से चुनावी हुंकार, ‘मिशन 124′ की बैठक में शिक्षा, स्वास्थ्य, रोजगार और पारदर्शी राजनीति को बनाया मुद्दा

बरेली। विधानसभा चुनाव की आहट के बीच बरेली शहर की राजनीति में एक नया नारा चर्चा का विषय बन गया है, ‘नेताओं को बहुत बार जिताया, इस बार बेटा चुनेगी जनता।’ इसी संदेश के साथ आयोजित ‘मिशन 124 शहर विधानसभा’ की बैठक में युवा चेहरा गौरव सक्सेन* ने शहर विधानसभा सीट से अपनी दावेदारी का सार्वजनिक संकेत दिया। बैठक में शहर के विभिन्न वार्डों से पहुंचे युवाओं, व्यापारियों, सामाजिक कार्यकर्ताओं और नागरिकों की मौजूदगी ने कार्यक्रम को राजनीतिक दृष्टि से महत्वपूर्ण बना दिया। बैठक के दौरान गौरव सक्सेना ने स्वयं को पारंपरिक राजनीति से अलग बताते हुए कहा कि जनता वर्षों से नेताओं को अवसर देती रही है, लेकिन अब समय ऐसे जनप्रतिनिधित्व का है जो जनता के बीच रहे, उसकी समस्याओं को समझे और समाधान के लिए जवाबदेह भी हो। उन्होंने कहा कि उनका उद्देश्य केवल चुनाव लड़ना नहीं, बल्कि शहर की मूलभूत समस्याओं को जनआंदोलन का विषय बनाना है।

राजनीति की कार्यशैली और प्राथमिकताएं बदलेगा युवा

अपने संबोधन में उन्होंने कहा कि राजनीति का अर्थ केवल सत्ता हासिल करना नहीं होना चाहिए। वास्तविक राजनीति वही है, जिसमें विकास की योजनाएं अंतिम व्यक्ति तक पहुंचें और हर परिवार को सम्मान, सुरक्षा और अवसर मिले। उन्होंने कहा कि युवाओं को आज भी केवल भीड़ जुटाने तक सीमित कर दिया जाता है, जबकि उन्हें नीति निर्माण और निर्णय प्रक्रिया में सहभागी बनाया जाना चाहिए। उनके अनुसार यदि युवा नेतृत्व को अवसर मिलेगा तो राजनीति की कार्यशैली और प्राथमिकताएं भी बदलेंगी। गौरव सक्सेना ने शहर की शिक्षा, स्वास्थ्य, रोजगार और बुनियादी सुविधाओं को अपने एजेंडे का केंद्र बताते हुए कहा कि बरेली जैसे बड़े शहर में आज भी कई महत्वपूर्ण सुविधाओं का अभाव है। उन्होंने कहा कि लंबे समय से एम्स जैसी उच्च स्तरीय चिकित्सा संस्था की मांग उठती रही है, लेकिन इस दिशा में अपेक्षित प्रगति नहीं हो सकी। उन्होंने जिला अस्पताल की स्वास्थ्य सेवाओं में सुधार की आवश्यकता पर भी जोर देते हुए कहा कि बेहतर चिकित्सा सुविधाएं हर नागरिक का अधिकार हैं, न कि विशेषाधिकार।

नेताओं को बहुत बार जिताया, इस बार 'बेटा' चुनेगी जनता: गौरव सक्सेना

रोजगार के मुद्दे पर उन्होंने कहा कि बरेली के बड़ी संख्या में युवा बेहतर अवसरों की तलाश में दूसरे शहरों का रुख कर रहे हैं। यदि स्थानीय स्तर पर उद्योग, स्वरोजगार और कौशल विकास को बढ़ावा दिया जाए तो पलायन की स्थिति काफी हद तक रोकी जा सकती है। उन्होंने कहा कि विकास का अर्थ केवल सड़कें, फ्लाईओवर और इमारतें नहीं हैं, बल्कि ऐसा वातावरण तैयार करना है जहां युवाओं को अपने ही शहर में सम्मानजनक रोजगार मिल सके। शिक्षा व्यवस्था पर भी उन्होंने सवाल उठाते हुए कहा कि गुणवत्तापूर्ण शिक्षा आम परिवारों की पहुंच से दूर होती जा रही है। उनका कहना था कि शिक्षा और स्वास्थ्य जैसे मूलभूत क्षेत्रों में सरकारी व्यवस्था को अधिक मजबूत बनाने की आवश्यकता है, ताकि आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग भी बेहतर सुविधाओं का लाभ उठा सके।

जनसंपर्क अभियान के जरिये लोगों से होगा निरंतर संवाद

बैठक के दौरान गौरव सक्सेना ने उपस्थित लोगों से संवाद भी किया। विभिन्न वार्डों से आए नागरिकों ने सड़क, जलनिकासी, सफाई, स्वास्थ्य, रोजगार, यातायात और अन्य स्थानीय समस्याओं को विस्तार से रखा। उन्होंने प्रतिभागियों को भरोसा दिलाया कि जनता की आवाज़ को प्राथमिकता देते हुए इन मुद्दों को संबंधित मंचों पर मजबूती से उठाया जाएगा। उन्होंने कहा कि राजनीति जनता के बीच संवाद से मजबूत होती है और इसी सोच के साथ प्रत्येक वार्ड तक पहुंचने का अभियान चलाया जाएगा। कार्यक्रम के दौरान मिशन 124 शहर विधानसभा के चुनावी पोस्टर का औपचारिक विमोचन भी किया गया। बैठक में आगामी चुनाव को देखते हुए जनसंपर्क अभियान तेज करने और वार्ड स्तर पर संगठनात्मक टीमों के गठन का निर्णय लिया गया। वक्ताओं ने कहा कि अभियान का उद्देश्य प्रत्येक मोहल्ले और वार्ड तक पहुंचकर स्थानीय समस्याओं को समझना और लोगों से निरंतर संवाद बनाए रखना होगा।

राजनीतिक जानकारों का मानना है कि विधानसभा चुनाव में अभी समय है, लेकिन विभिन्न संभावित दावेदारों की सक्रियता ने शहर का राजनीतिक माहौल गर्म करना शुरू कर दिया है। ऐसे में गौरव सक्सेना की सक्रियता और मिशन 124 के माध्यम से संगठन विस्तार की कोशिशों को भी इसी परिप्रेक्ष्य में देखा जा रहा है। हालांकि चुनावी तस्वीर अभी स्पष्ट नहीं है, लेकिन शहर विधानसभा क्षेत्र में राजनीतिक गतिविधियों ने निश्चित रूप से गति पकड़ ली है।

बैठक के अंत में गौरव सक्सेना ने सभी प्रतिभागियों का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि मिशन 124 शहर विधानसभा को केवल चुनावी अभियान तक सीमित नहीं रखा जाएगा। उनके अनुसार इसका उद्देश्य जनभागीदारी बढ़ाना, जनता और नेतृत्व के बीच संवाद स्थापित करना तथा शिक्षा, स्वास्थ्य, रोजगार, सुरक्षा और पारदर्शी व्यवस्था जैसे मुद्दों को केंद्र में लाकर शहर के विकास की नई दिशा तय करना है। उन्होंने नागरिकों से इस अभियान से जुड़कर बरेली के भविष्य के लिए सक्रिय भूमिका निभाने की अपील की।

इन लोगों की रही उपस्थिति

बैठक में दिलीप खुराना, चेतन गुर्जाल, अंकित खंडूजा, शिवम सक्सेना, रौनक जॉली, गिरीश यादव, अमित कंचन, अमित सक्सेना, धीरज सक्सेना, केतन अरोड़ा, श्री श्रीवास्तव, अवधेश कुमार त्रिवेदी, अजय रस्तोगी, पुनीत अनेजा, ऋषभ मेहरोत्रा, गिरीश सक्सेना, एडवोकेट मध्यम सक्सेना, अजय प्रताप, मोहित अग्निहोत्री, अंकुर अग्रवाल, अचल सक्सेना, रॉबिन जैसवाल, मोहम्मद सैफ, मोमिन खान, तनवीर खान, पवन शर्मा सहित बड़ी संख्या में व्यापारी, युवा, सामाजिक कार्यकर्ता और स्थानीय नागरिक मौजूद रहे।

Post Comment

You May Have Missed