शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग को लेकर AAP की छात्रविंग का प्रदर्शन
लखनऊ: देशभर में लगातार हो रहे पेपर लीक और परीक्षा घोटालों के विरोध में तथा केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग को लेकर आम आदमी पार्टी की छात्र विंग ASAP (Association of Students for Alternative Politics) ने बुधवार को राजधानी लखनऊ में जीपीओ कार्यालय के निकट जोरदार प्रदर्शन किया। प्रदर्शन का नेतृत्व छात्रविंग के प्रदेश महासचिव अनित रावत ने किया। इस दौरान छात्र और पुलिस के बीच धक्का मुक्की हुई और पुलिस ने सभी को गिरफ्तार कर इको गार्डन भेज दिया । छात्रों और युवाओं ने केंद्र सरकार के खिलाफ नारेबाजी करते हुए परीक्षा प्रणाली में व्याप्त भ्रष्टाचार और पेपर लीक माफियाओं पर कठोर कार्रवाई की मांग उठाई।
प्रदर्शन को संबोधित करते हुए छात्रविंग के प्रदेश महासचिव अनित रावत ने कहा कि देश में लगातार हो रहे पेपर लीक इस बात का प्रमाण हैं कि केंद्र और राज्य सरकारें परीक्षा प्रणाली की गोपनीयता और पारदर्शिता बनाए रखने में पूरी तरह विफल रही हैं। उन्होंने कहा कि जब देश की सबसे बड़ी परीक्षाएं बार-बार लीक हो रही हों तो इसकी नैतिक जिम्मेदारी केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान को लेते हुए तत्काल इस्तीफा देना चाहिए।
पेपर लीक ने करोड़ों छात्रों का भरोसा तोड़ा
अनित रावत ने कहा कि उत्तर प्रदेश में वर्ष 2017 की दरोगा भर्ती से शुरू हुआ पेपर लीक का सिलसिला आज तक नहीं रुका है। दरोगा भर्ती, नलकूप चालक भर्ती, ग्राम विकास अधिकारी भर्ती, यूपीपीसीएल जेई परीक्षा, लोअर सबोर्डिनेट परीक्षा, यूपी ट्रिपल एससी, यूपीटीईटी, यूपी बोर्ड, राजस्व लेखपाल भर्ती, यूपी पुलिस कांस्टेबल भर्ती, समीक्षा अधिकारी भर्ती समेत अनेक परीक्षाएं पेपर लीक और धांधली की भेंट चढ़ चुकी हैं। उन्होंने कहा कि हाल ही में NEET 2026 और CUET परीक्षा में भी गंभीर अनियमितताओं और पेपर लीक की घटनाओं ने करोड़ों छात्रों का भरोसा तोड़ दिया है।
उन्होंने आरोप लगाया कि जिन एजेंसियों को पहले अनियमितताओं के कारण ब्लैकलिस्ट किया जा चुका था, उन्हीं एजेंसियों को दोबारा परीक्षा कराने की जिम्मेदारी सौंपी गई। यह संयोग नहीं बल्कि सुनियोजित संरक्षण का मामला है। भाजपा सरकार को यह बताना चाहिए कि आखिर छात्रों के भविष्य के साथ बार-बार खिलवाड़ करने वाली एजेंसियों पर कार्रवाई क्यों नहीं की गई।
युवाओं के भविष्य पर चुप हैं प्रधानमंत्री
अनित रावत ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी हर वर्ष “परीक्षा पर चर्चा” कार्यक्रम के माध्यम से छात्रों से संवाद करते हैं, लेकिन जब देश में लगातार पेपर लीक की घटनाएं सामने आ रही हैं और करोड़ों युवाओं का भविष्य संकट में है, तब प्रधानमंत्री की चुप्पी समझ से परे है। उन्होंने कहा कि NEET, CUET, SSC, पुलिस भर्ती और अन्य प्रतियोगी परीक्षाओं में लगातार सामने आ रही अनियमितताओं ने युवाओं का भरोसा तोड़ दिया है। ऐसे समय में प्रधानमंत्री को देश के छात्रों के साथ खड़े होकर पेपर लीक पर खुलकर चर्चा करनी चाहिए और बताना चाहिए कि उनकी सरकार इस समस्या को खत्म करने के लिए क्या ठोस कदम उठा रही है। आज देश का युवा जवाब मांग रहा है कि आखिर उसके भविष्य के साथ बार-बार खिलवाड़ क्यों हो रहा है।
अनित रावत ने कहा कि लाखों छात्रों ने वर्षों तक मेहनत की, अभिभावकों ने अपनी गाढ़ी कमाई बच्चों की पढ़ाई पर खर्च की, लेकिन भ्रष्ट व्यवस्था ने उनकी मेहनत पर पानी फेर दिया। उन्होंने कहा कि जिन युवाओं का भविष्य इन पेपर लीक कांडों से प्रभावित हुआ है उन्हें एकजुट होकर अपने अधिकारों की लड़ाई लड़नी होगी। उन्होंने कहा कि आज का आंदोलन किसी राजनीतिक दल का नहीं बल्कि छात्रों के अधिकारों का आंदोलन है। सभी छात्र संगठनों और युवाओं को एक मंच पर आकर अपनी आवाज बुलंद करनी होगी। यदि सरकार ने दोषियों पर सख्त कार्रवाई नहीं की और परीक्षा व्यवस्था में व्यापक सुधार नहीं किए तो यह संघर्ष पूरे प्रदेश में और तेज किया जाएगा।
प्रदर्शन में इनकी रही मौजूदगी
इस दौरान प्रदेश अध्यक्ष अरूण वर्मा, प्रदेश उपाध्यक्ष अंशुल यादव आशीष मौर्या, कौशल शर्मा, निलेश चतुर्वेदी, आकाश वर्मा,चंद्रजीत यादव, आकाश सिंह, करण कश्यप, फिरोज, राजीव, पारुश श्रीवास्तव , गुलफाम ,नीरज गुप्ता, अमन सोनी सहित बड़ी संख्या में छात्र-युवा तथा छात्रविंग के पदाधिकारी एवं कार्यकर्ता उपस्थित रहे।



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