ललिता गौतम हत्याकांड में बिना नाम लिए चंद्रशेखर पर भड़कीं मायावती, कार्यकर्ताओं को दिया संदेश
लखनऊ: बहुजन समाज पार्टी (BSP) की राष्ट्रीय अध्यक्ष मायावती ने शुक्रवार को प्रेस कॉन्फ्रेंस करते हुए बिना नाम लिए भीम आर्मी चीफ व सांसद चंद्रशेखर पर निशाना साधा। उन्होंने दलितों, पिछड़ों और अन्य उपेक्षित वर्गों से भावनाओं में बहकर सड़क पर उतरने के बजाय संविधान और कानून के दायरे में रहकर संघर्ष करने की अपील की है।
आज पार्टी कार्यालय में मीडिया को जारी बयान में उन्होंने कहा कि बाबा साहेब डॉ. भीमराव आंबेडकर ने इन वर्गों को वोट की ताकत और संवैधानिक अधिकार दिए हैं। इसलिए राजनीतिक सत्ता की मास्टर चाबी अपने हाथ में लेना ही उनके दुखों का स्थायी समाधान है।
न्याय न मिले तो सर्वोच्च न्यायालय तक जाना चाहिए
मायावती ने कहा कि किसी भी अत्याचार या अन्याय की स्थिति में कानून को हाथ में लेने के बजाय अदालत का सहारा लेना चाहिए। यदि निचली अदालत से न्याय न मिले तो उच्च न्यायालय और सर्वोच्च न्यायालय तक जाना चाहिए। उन्होंने मेरठ, सहारनपुर, प्रयागराज और हरदोई सहित अन्य राज्यों की घटनाओं का उल्लेख करते हुए कहा कि सड़कों पर उतरने से समस्याओं का समाधान नहीं होता।
उन्होंने आरोप लगाया कि कुछ संगठन और राजनीतिक दल अपने स्वार्थ के लिए पीड़ित वर्गों को भड़काकर आंदोलन कराते हैं और बाद में राजनीतिक लाभ उठाने की कोशिश करते हैं। इससे पीड़ितों को न्याय मिलने के बजाय उनकी परेशानियां और बढ़ जाती हैं। उनके बयान को चंद्रशेखर आजाद पर हमला माना जा रहा है। यह बयान ऐसे समय आया जब मेरठ में इस मामले के प्रदर्शन में पुलिस ने सात लोगों को गिरफ्तार किया और तीस से ज्यादा लोगों के खिलाफ मामला दर्ज किया।
मताधिकार का प्रयोग करने की अपील की
बसपा प्रमुख ने कहा कि दलित, पिछड़े और अन्य उपेक्षित वर्गों को विधानसभा, लोकसभा और स्थानीय निकाय चुनावों के मद्देनजर विशेष रूप से सतर्क रहने की जरूरत है। उन्होंने लोगों से बाबा साहेब डॉ. आंबेडकर और गौतम बुद्ध के बताए शांतिपूर्ण एवं संवैधानिक मार्ग पर चलने तथा एकजुट होकर अपने मताधिकार का प्रयोग करने की अपील की।
#WATCH | Lucknow, UP | BSP President Mayawati says, "… Some organisations or parties mislead people from backward sections and bring them out onto the streets for their political interest, thereby instigating violence, chaos, or road blockades. Then their leaders arrive at the… pic.twitter.com/te4HG9KLsL
— ANI UP/Uttarakhand (@ANINewsUP) July 10, 2026
उन्होंने कहा कि दलित समाज की आवाज सिर्फ बसपा है। मायावती ने दलित समाज से ऐसे सभी संगठनों व पार्टियों से सतर्क रहने को कहा है। जो कि दलित समाज के मुद्दों को राजनैतिक स्वार्थ के लिए सड़कों पर उतर रहे हैं। उन्होंने कहा कि चुनाव आने वाले हैं ऐसे में ये संगठन व पार्टियां सक्रिय हो गए हैं।
क्या है मेरठ का ललिता गौतम हत्याकांड?
मेरठ के टीपी नगर क्षेत्र के गगन एंक्लेव में रहने वाली 20 वर्षीय ललिता गौतम की हत्या कर दी गई। वह BA की पढ़ाई कर रही थी। 15 मई को परीक्षा देने के लिए घर से निकली लेकिन वापस नहीं लौटीं। परिजनों ने 16 मई को थाना टीपी नगर में गुमशुदगी दर्ज कराई, जिसके बाद युवती का मेरठ के रोहटा थाना क्षेत्र के उपसिया जंगल स्थित गन्ने के खेत में शव बरामद हुआ। पुलिस ने आरोपी अंकुश को हिरासत में लिया है।
पुलिस के अनुसार, अंकुश और ललिता के बीच प्रेम संबंध होने की बात सामने आई है। आरोप है कि अंकुश को ललिता पर दूसरों से बात करने का शक हुआ और उसने वारदात को अंजाम दिया। इस मामले में अन्य आरोपियों को गिरफ्तार करने और आरोपियों को कड़ी सजा दिलाने के लिए कई संगठन सड़कों पर है।



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