Akhilesh Yadav: सपा प्रमुख बोले- भाजपाइयों का सिर्फ एक धर्म है और वो है ‘पैसा’; जानिए मामला
Akhilesh Yadav: समाजवादी पार्टी के अध्यक्ष अखिलेश यादव ने लखनऊ में वकीलों के चैंबर हटाने और उनपर हुए लाठीचार्ज पर आक्रोश व्यक्त किया है। पुलिस की कार्रवाई के दौरान हाथ में रामचरितमानस लिए एक वकील की तस्वीर सोशल मीडिया पर वायरल हुई, जिस पर प्रतिक्रिया देते हुए अखिलेश यादव ने भाजपा सरकार को “अधर्मी” करार दिया। एक्स पर पोस्ट में अखिलेश यादव ने कहा कि ‘श्रीरामचरितमानस’ हमारी सौहार्दपूर्ण संस्कृति का संविधान है और मानवीय-व्यावहारिक मर्यादा का आचार संहिता कोश। उप्र भाजपा सरकार ने जिस तरह लखनऊ में ‘श्रीरामचरितमानस’ का अपमान-तिरस्कार किया है, वो किसी भी तरह क्षमा करने योग्य नहीं है। भाजपाइयों का सिर्फ एक धर्म है और वो है पैसा। देश ‘अधर्मी भाजपा’ को अब हमेशा के लिए हटा देगा। भाजपाई और उनके संगी-साथी प्रभु राम के भी सगे नहीं हैं। धर्म कहे आज का, नहीं चाहिए भाजपा।
‘श्रीरामचरितमानस’ हमारी सौहार्दपूर्ण संस्कृति का संविधान है और मानवीय-व्यावहारिक मर्यादा का आचार संहिता कोश।
उप्र भाजपा सरकार ने जिस तरह लखनऊ में ‘श्रीरामचरितमानस’ का अपमान-तिरस्कार किया है, वो किसी भी तरह क्षमा करने योग्य नहीं है।
भाजपाइयों का सिर्फ़ एक धर्म है और वो है… pic.twitter.com/DDYg2RZkjN
— Akhilesh Yadav (@yadavakhilesh) May 18, 2026
उत्तर प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने वकीलों पर लाठीचार्ज की कार्रवाई को घोर निंदनीय करार देते हुए घायलों के लिए मुआवजे और मुफ्त इलाज की मांग की है। लखनऊ के वजीरगंज इलाके में इलाहाबाद हाईकोर्ट की लखनऊ बेंच के आदेशों का पालन करते हुए नगर निगम की टीम वकीलों के कथित ‘अवैध चैंबरों’ को हटाने के लिए अभियान चला रही थी। इसके विरोध में प्रदर्शन कर रहे वकीलों को तितर-बितर करने के लिए पुलिस ने बल प्रयोग किया।
अखिलेश यादव ने कहा कि जो अधिवक्ता खुद अन्याय के शिकार हो रहे हों, वे आम नागरिकों को न्याय कैसे दिला सकते हैं। उन्होंने लाठीचार्ज में घायल हुए वकीलों का मुफ्त इलाज कराने और उनके कार्यस्थल के नुकसान का मुआवजा देने की मांग की है। उन्होंने सवाल उठाया कि क्या भाजपा सरकार में शामिल हुए भ्रष्टाचारियों को छोड़कर बाकी सब कुछ अवैध है।



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