लखनऊ: लोकसभा के बाद वक्फ संशोधन बिल राज्यसभा से भी पास हो गया है। इसका विपक्ष और मुस्लिम समुदाय के लोग विरोध कर रहे हैं। बिल पास होने के बाद शुक्रवार को पहला जुमा है। ऐसे में मस्जिदों के बाहर भीड़ इकट्ठा होगी। इसे देखते हुए लखनऊ में हाई अलर्ट है। पुलिस फ्लैग मार्च कर रही है। दरगाहों और मस्जिदों की ड्रोन से निगरानी की जा रही है।
जुमे की नमाज को देखते हुए लखनऊ में सुरक्षा की कड़ी व्यवस्था की गई गई है। मुस्लिम धर्म गुरुओं ने शांति बनाए रखने की अपील की है। मुफ्ती इरफान मियां फरंगी महली ने कहा कि वक्फ बिल के संशोधन का विरोध कर रहे थे और आगे भी करते रहेंगे। संविधान ने सब धर्मों को आजादी दी है। किसी भी धर्म या व्यक्ति पर जबरदस्ती कोई चीज नहीं थोपी जा सकती। इस बिल को ‘उम्मीद’ का नाम दिया गया है, लेकिन मुसलमानों के लिए ये मायूसी वाला बिल है। हमारी भावनाओं पर पानी फेरकर बिल को ‘उम्मीद’ का नाम देना हास्यास्पद है।
लखनऊ में कड़ी सुरक्षा व्यवस्था के इंतजाम
टीले वाली मस्जिद और घंटा घर के आसपास बड़ी संख्या में पुलिस फोर्स तैनात की गई है। संवेदनशील इलाकों में ड्रोन से निगरानी की जा रही है। सीसीटीवी से मॉनिटरिंग हो रही है। 61 हॉटस्पॉट चिह्नित किए गए हैं। एसएसबी, पीएससी के जवान तैनात किए गए हैं। शासन-प्रशासन के आलाधिकारी लगातार भ्रमण कर रहे हैं।
नमाज के बाद विरोध प्रदर्शन की आशंका
पुलिस सूत्रों के मुताबिक, नमाज के बाद कुछ स्थानों पर वक्फ संशोधन विधेयक को लेकर विरोध प्रदर्शन हो सकता है। इसके चलते सभी थाना प्रभारियों को अपने क्षेत्र में अलर्ट मोड़ पर रहने के निर्देश दिए गए हैं। पुलिस उपायुक्त पश्चिम विश्वजीत श्रीवास्तव ने बताया कि जुमे की नमाज के दौरान स्थानीय पुलिस, अधिकारी, एलआईयू और सादे में पुलिस कर्मी तैनात रहेंगे। अर्धसैनिक बल, पीएसी और स्पेशल पुलिस टीम को भी लगाया गया है। सोशल मीडिया पर लगातार नजर रखी जा रही है। अफवाह फैलाने वालों पर कड़ी कार्रवाई की जाएगी। संवेदनशील स्थलों पर रूट मार्च कर लोगों से कानून का पालन करने और शांति व्यवस्था बनाए रखने की लगातार अपील की जा रही है।