Lucknow: सफर होगा फास्ट, सुरक्षित और स्मार्ट; जाम होगा खत्म
Lucknow: राजधानी लखनऊ और आसपास के जिलों में ट्रैफिक को बिना रुके चलाने के लिए पांच बड़े इंटरचेंज (जंक्शन) बनाए जाएंगे। इनके बनने से गंगा एक्सप्रेसवे, लखनऊ-कानपुर एक्सप्रेसवे और आउटर रिंग रोड पर सफर आसान होगा। एनएचएआई, यूपीडा मिलकर इसे पीपीपी मॉडल पर बनाएंगे। इसका प्रस्ताव यूपी स्टेट कैपिटल रीजन (एससीआर) योजना में बनाया गया है। योजना पर 680 करोड़ रुपये खर्च होंगे। जानकारों ने बताया कि फिलहाल एक्सप्रेसवे और हाईवे के कट-पॉइंट पर वाहनों की क्रॉसिंग से हर रोज लंबा जाम लगता है। नए इंटरचेंज बनने से गाड़ियां बिना रुके एक से दूसरी रोड पर जा सकेंगी। लखनऊ से कानपुर, सीतापुर, बाराबंकी जाने में समय की बचत होगी। यह काम दो फेज में पूरा किया जाएगा। इससे लखनऊ एक बड़े लॉजिस्टिक हब के रूप में भी विकसित होगा।
ऐसे जुड़ेंगे एक्सप्रेसवे व हाईवे
-
क्लोवरलीफ इंटरचेंज (चार तरफ से आने-जाने के लिए) – गंगा एक्सप्रेसवे-लखनऊ-कानपुर एक्सप्रेसवे पर
-
ट्रम्पेट इंटरचेंज (तीन तरफ से आने-जाने के लिए) – एनएच-27- एनएच-727 एच पर
-
ट्रम्पेट इंटरचेंज (तीन तरफ से आने-जाने के लिए ) – एनएच-30-एसएच-38 पर
-
डायमंड इंटरचेंज (छोटे चौराहों के लिए) – आउटर रिंग रोड-एनएच-731 पर
-
पार्शियल क्लोवरलीफ (बीच का समाधान) – आउटर रिंग रोड-एनएच-30-सीतापुर पर
यहां बनेंगे जंक्शन
-
सराय कटियान के पास
-
अमेठी/सलेमपुर रोड पर
-
भैंसामऊ
-
बाराबंकी सिविल लाइन
-
सवाईया तिराहा
-एलडीए वीसी प्रथमेश कुमार ने कहा कि यातायात को बेहतर बनाने के लिए एससीआर योजना में पांच जंक्शन बनाने की योजना है। इसका प्रेजेंटेशन शासन में हो चुका है।



Post Comment