प्रयागराज: उत्तर प्रदेश के प्रयागराज जिले की एक नाबालिग दलित लड़की को केरल में आतंकी बनाने की ट्रेनिंग दी जा रही थी। पुलिस के अनुसार, आरोपियों ने नाबालिग लड़की को अगवा किया, उसे प्रयागराज से केरल ले गए और जबरन धर्म परिवर्तन कराया। फिर उसे जिहाद के नाम से ट्रेनिंग देने लगे।
इसी बीच पीड़ित वहां से भागकर केरल के एक रेलवे स्टेशन पहुंची, जहां रेलवे पुलिस को उसने आपबीती सुनाई। केरल पुलिस ने प्रयागराज पुलिस को सूचना दी। इसके बाद पुलिस नाबालिग को लेकर प्रयागराज आई। पीड़ित की मां की शिकायत पर पुलिस ने आरोपी मोहम्मद कैफ और उसकी साथी एक नाबालिग लड़की को गिरफ्तार कर लिया। आरोपियों के गिरोह में कौन-कौन शामिल हैं? यह गिरोह अब तक कितने लोगों को शिकार बना चुका है? इसकी जांच के लिए पुलिस की 3 टीमें बनाई गई हैं।
पीड़िता से पूछताछ करेगी एटीएस
वहीं, मामला आतंकी ट्रेनिंग से जुड़ा होने के कारण एटीएस की प्रयागराज यूनिट फूलपुर थाने पहुंची। एटीएस आरोपियों से पूछताछ कर रही है। आतंकी साजिश को लेकर जांच शुरू की गई है। बताया गया कि एटीएस पीड़ित नाबालिग दलित से भी पूछताछ करेगी।
दावत में गई थी नाबालिग, वहीं से लापता हो गई
डीसीपी (गंगानगर जोन) कुलदीप सिंह गुनावत ने बताया कि 28 जून को एक दलित महिला ने फूलपुर थाने में शिकायत की थी। इसमें बताया था कि 8 मई को मेरी नाबालिग बेटी (15 साल) गांव में ही कोटेदार के यहां शादी की दावत में गई थी, लेकिन वहां से नहीं लौटी। एक दिन मेरे पास बेटी का फोन आया। बेटी ने बताया कि गांव की रहने वाली मुस्लिम समुदाय की एक नाबालिग (16) ने मेरा ब्रेनवॉश किया। वह मुझे केरल लेकर गई। यहां आरोपी ने मेरा धर्म परिवर्तन करा दिया।
प्रयागराज पुलिस नाबालिग की तलाश में थी। इसी बीच, केरल की रेलवे पुलिस ने प्रयागराज पुलिस को फोन करके नाबालिग दलित के बारे में जानकारी दी। पुलिस पीड़ित नाबालिग को प्रयागराज लेकर आई।
DCP बोले- संगठित गिरोह चला रहे आरोपी
डीसीपी कुलदीप सिंह ने बताया, पीड़ित की मां की शिकायत पर मोहम्मद कैफ और उसकी नाबालिग साथी लड़की पर केस दर्ज कर लिया गया। दोनों आरोपियों को पुलिस ने अरेस्ट कर लिया है। आरोपी संगठित गिरोह चलाते हैं, जो दलित नाबालिग लड़कियों को बहला-फुसलाकर कर आतंकवादी और राष्ट्र विरोधी गतिविधियों में धकेलने का काम करते हैं। इस मामले में पुलिस हर पहलू पर जांच कर रही है। इसके लिए तीन टीम बनाई गई हैं। पीड़िता को प्रयागराज के वन स्टाफ सेंटर भेजा गया है।