बरेली: जनपद में SIR के काम के प्रेशर में प्रवक्ता अजय अग्रवाल को ब्रेन हेमरेज हो गया, जिससे अस्पताल में इलाज के दौरान उनकी मौत हो गई। अजय अग्रवाल (51) मनोहर भूषण इंटर कॉलेज में 1991 से कार्यरत थे। कर्मचारी नगर की गली नंबर-7 में रहने वाले अजय अग्रवाल के बेटे प्रखर अग्रवाल ने बताया कि सोमवार रात साढ़े 11 बजे पापा SIR का काम कर रहे थे, तभी उनकी तबीयत खराब हो गई। वे बेड से उठ भी नहीं पा रहे थे।
हम लोग फौरन उन्हें मिनी बाईपास स्थित प्रताप हॉस्पिटल लेकर गए। यहां से डॉक्टरों ने उन्हें हायर सेंटर रेफर कर दिया। इसके बाद हम लोग गंगा शील हॉस्पिटल पहुंचे। वहां भी डॉक्टरों ने कहा कि इन्हें कहीं और ले जाइए। इसके बाद पापा को SRMS मेडिकल कॉलेज ले जा रहे थे, लेकिन रास्ते में ही उनकी मौत हो गई।
परिवार में एक बेटा और पत्नी
अजय अग्रवाल की मौत की सूचना प्रशासन को दी गई, जिसके बाद सिटी मजिस्ट्रेट और SDM उनके परिवार को सांत्वना देने पहुंचे। मंगलवार दोपहर में उनका अंतिम संस्कार कर दिया गया। अजय अग्रवाल के परिवार में उनका इकलौता 23 साल का बेटा प्रखर और पत्नी रानी अग्रवाल हैं।
काम का प्रेशर नहीं झेल पाए
प्रखर ने बताया कि पापा को SIR के काम में डेटा फीडिंग की जिम्मेदारी मिली थी। उन्होंने अधिकारियों से कहा था कि उन्हें एंड्रॉयड मोबाइल तक चलाना नहीं आता। इस डेटा को कंप्यूटर पर कैसे अपलोड करेंगे। इसके बावजूद अधिकारियों ने उनकी बात नहीं सुनी।
प्रखर ने बताया कि जब काम करने में परेशानी होती थी तो अधिकारी फटकार लगाते थे। काम का अधिक प्रेशर पापा नहीं झेल सके। वो घर पर कहते थे कि बहुत ज्यादा काम हो गया है, मुझे कंट्रोल नहीं मिल रहा है।
पत्नी ने सरकार से लगाई गुहार
पत्नी रानी अग्रवाल ने कहा कि मेरे पति की SIR के काम की वजह से जान चली गई। अब हम लोग क्या करेंगे और कहां जाएंगे? किससे जाकर अपना दुखड़ा कहेंगे? उन्होंने कहा कि सरकार को इस तरह से लोगों को परेशान नहीं करना चाहिए। रानी अग्रवाल ने बेटे के लिए सरकारी नौकरी की मांग की है।