- एसआरएमएस मेडिकल कालेज में प्रथम प्रसूति एवं स्त्री रोग अपडेट 2025 कांफ्रेंस का समापन
SRMS Bareilly: दो दिवसीय प्रथम प्रसूति एवं स्त्री रोग अपडेट 2025 कांफ्रेंस के दूसरे दिन आधी आबादी महिलाओं के स्वास्थ्य पर गहन चर्चा हुई। विशेषज्ञों ने महिलाओं को स्वस्थ रखने के लिए उनसे जुड़े हर विषय पर बात की। सभी ने महिलाओं के स्वास्थ्य की अनदेखी पर चिंता जताई और इसकी बेहतरी के लिए साथ मिलकर काम करने की अपील के साथ ही सरकार से भी योजनाएं बनाने का अनुरोध किया। बरेली आब्स्टेट्रिक्स एंड गायनोकोलाजी सोसायटी के सहयोग से एसआरएमएस मेडिकल कालेज के स्त्री एवं प्रसूति रोग विभाग द्वारा आयोजित दो दिवसीय प्रथम प्रसूति एवं स्त्री रोग अपडेट 2025 कांफ्रेंस के दूसरे दिन रविवार को दो टापिक पर व्याख्यान हुए।
विशेषज्ञों ने कई विषयों पर दिया व्याख्यान
मृत जन्मदर की रोकथाम गर्भ से लेकर दुनिया तक और यूरोगायनेकोलाजी- स्वरूप का पुनर्स्थापन और कार्य विषय पर कई विशेषज्ञों ने व्याख्यान दिया। एसजीपीजीआई चंडीगढ़ से डॉ. इंदु लता फेटल ग्रोथ रिस्ट्रिक्शन- मृत जन्म को रोकने के लिए साक्ष्य आधारित दृष्टिकोण और रणनीति पर व्याख्यान दिया। डॉ. अपाला प्रियदर्शिनी ने समय से पहले और मृत जन्म जोखिम में संतुलन के लिए साक्ष्य और सुझाव विषय पर, डॉ. आयशा अहमद ने प्लेसेटा के स्वास्थ्य में जोखिम के लक्षण और उभरती प्रोद्योगिकी की भूमिका पर, डॉ. निधि ने गायनेकोलाजी में गैर शल्य चिकित्सा संबंधी सौंदर्य प्रक्रियाएं- वर्तमान साक्ष्य और दीर्घकालिक परिणाम विषय पर व्याख्यान दिया।
मेजर जर्नल डॉ. किशन कपूर ने महिलाओं में मूत्र असंयम और उपचार के लिए दृष्टिकोण, डॉ. अरुणा निगम ने पेल्विक प्रोलैप्स के आपरेशन के आधुनिक तरीके, एसआरएमएस मेडिकल कालेज के गायनो ओंकोलाजिस्ट डॉ. मनोज टांगड़ी ने मूत्र जननांग में फिस्टुला के इलाज के विविध दृष्टिकोण पर व्याख्यान दिया और शांति मिशन पर कांगों प्रवास के दौरान वहां की केस स्टडी प्रस्तुत की। डॉ. आर के मिश्रा ने वर्चुअल रूप से गायनेकोलाजी में रोबोटिक सर्जरी का विकास, कांसेप्ट और क्लीनिकल प्रेक्टिस पर अपना व्याख्यान दिया।
इन विशेषज्ञों की रही मौजूदगी
इस अवसर पर कांफ्रेंस की आर्गनाइजिंग चेयरपर्सन एवं एसआरएमएस मेडिकल कालेज के स्त्री एवं प्रसूति रोग विभागाध्यक्ष डॉ. शशि बाला आर्य, आर्गनाइजिंग चेयरपर्सन एवं बरेली आब्स्टेट्रिक्स एंड गायनोकोलाजी सोसायटी की प्रेसीडेंट डॉ. लतिका अग्रवाल, आर्गनाइजिंग कमेटी की को-चेयरपर्सन डॉ. नमिता अग्रवाल और डॉ. मनोज टांगड़ी, डॉ. एसके सागर, कांफ्रेंस की आर्गनिजिंग सेक्रेटरी डॉ. मृदु सिन्हा, साइंटिफिक चेयपर्सन डॉ. रुचिका गोयल, डॉ. भारती सरन, डॉ. मधुलिका शुक्ला, डॉ. शालिनी महेश्वरी, डॉ. दरक्शां अब्बास, डॉ. वंदना नेगी, डॉ. रंजना गुप्ता, डॉ. रश्मि प्रसाद, डॉ. अनीता नाथ, डॉ. शिल्पी सिंह, डॉ. नम्रता अग्रवाल, डॉ. गीता कार्की, डॉ. गोदावरी जोशी, डॉ. मृदुला शर्मा, डॉ. गायत्री सिंह, डॉ. ब्रजेश अग्रवाल, डॉ. प्रगति अग्रवाल, डॉ. शोभा मुखर्जी, डॉ. सीमा सरन, डॉ. महिमा रानी मौर्या, डॉ. दीपा टंडन, डॉ. जया भारती, डॉ. दिव्या अग्रवाल, डॉ.श्रुति अग्रवाल, डॉ. प्रज्ञा मिश्रा, डॉ. ज्योति बघेल, डॉ. आयुषि शुक्ला, कमेटी के अन्य सदस्य, एडवाइजरी बोर्ड के सदस्य और पीजी स्टूडेंट मौजूद रहे।