- एकेटीयू में कलाम प्रगति कार्यक्रम की हुई लांचिंग
लखनऊ: डॉ. एपीजे अब्दुल कलाम प्राविधिक विश्वविद्यालय में कलाम प्रगति कार्यक्रम को लॉन्च किया गया है। ट्रेनिंग एंड प्लेसमेंट विभाग और एरा फाउंडेशन के सहयोग से लॉन्च इस कार्यक्रम में इंजीनियरिंग के छात्रों को पायलट फेज के तहत निःशुल्क दो कोर्स इनोवेशन एंड डिजाइन थिंकिंग और रोबोटिक्स की 30 घंटे की ट्रेनिंग दी जाएगी। कोर्स पूरा होने के बाद छात्रों के समक्ष इंडस्ट्री की जुड़ी समस्याओं को रखा जाएगा। जिसका छात्रों को समाधान करना होगा। समाधान के रूप में छात्रों के बनाये प्रोटोटाइप की प्रदर्शनी भी लगायी जाएगी।
युवाओं का स्किल्ड होना सबसे जरूरी: कुलपति
एकेटीयू कुलपति प्रो. जेपी पाण्डेय ने कहा कि विकसित और आत्मनिर्भर भारत के लक्ष्य को पाने के लिए युवाओं का स्किल्ड होना सबसे जरूरी है। छात्र जब पढ़ाई के साथ ही स्किल्ड होंगे तब नवाचार के जरिये आत्मनिर्भर बनेंगे। आज के दौर में छात्रों के पास अवसरों की कोई कमी नही है। लेकिन उसी अनुपात में चुनौतियां भी हैं। खुद को स्किल्ड कर इन चुनौतियों से पार पाया जा सकता है। कलाम प्रगति के तहत दोनों कोर्स काफी महत्वपूर्ण हैं। आने वाला समय इनोवेशन, रोबोटिक्स और एआई पर ही केंद्रित होगा। इसलिए जो इस क्षेत्र में स्किल्ड रहेगा उसे ही आगे बढ़ने के अवसर भी मिलेंगे। बीटेक के सीएसई, आईटी और अन्य स्ट्रीम के द्वितीय वर्ष और उसके आगे के पास आउट छात्र ट्रेनिंग कर रहे हैं। यह कोर्स विश्वविद्यालय के सेंटर फॉर एडवांस स्टडीज में हर शुक्रवार और शनिवार को चलेगा। 30 घंटे के कोर्स में विशेषज्ञ छात्रों का मार्गदर्शन करेंगे।
कोर्स करने से होंगे कई फायदे
कोर्स के दौरान इंडस्ट्री के विशेषज्ञ छात्रों को प्रैक्टिकल करायेंगे। इसके अलावा हैंड्स ऑन ट्रेनिंग और नई उभरती तकनीकी के टूल्स के बारे में भी सिखाया जाएगा। डीन ट्रेनिंग एंड प्लेसमेंट प्रो. नीलम श्रीवास्तव के अनुसार यह कार्यशाला छात्रों के लिए काफी फायदेमंद होगी। भविष्य में भी ऐसी कार्यशालाएं और प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित करने की योजना है। इनोवेशन एंड डिजाइन थिंकिंग में विशेषज्ञ छात्रों को नये आइडिया से प्रोटोटाइप बनाना शुरू करायेंगे।
साथ ही सिग्मा के साथ डिजाइनिंग इंटरफेसेस, पेपर प्रोटोटाइपिंग, कैड, लेजर प्रिंटिंग और थ्रीडी प्रिंटिंग के साथ मॉडलिंग, इसके अलावा, वर्तमान समय की समस्याओं और उसके समाधान खोजने के बारे में भी प्रशिक्षित करेंगे। इसी तरह रोबोटिक्स में रोबोटिक्स की सामान्य जानकारी के साथ ही मोटर नियंत्रण, पाइथन सहित अन्य आयामों का प्रशिक्षण दिया जाएगा। वर्तमान में इनोवेशन और रोबोटिक्स दो ऐसे क्षेत्र हैं जहां तमाम तरह के अवसर हैं।