लखनऊ: उपभोक्ताओं की समस्याओं को गंभीरता से लेते हुए समाधान करायें, किसी भी स्तर पर चूक नहीं होनी चाहिए। विद्युत संयोजन देने में हीला-हवाली करना या नियमों की अनदेखी करना अब स्वीकार नहीं किया जाएगा। सभी उपभोक्ताओं को समय से विद्युत कनेक्शन निर्गत किया जाए। विद्युतीकरण के दौरान विद्युत पोल की ग्राउंटिंग ठीक से कराई जाए, जहां कहीं पर भी विद्युत लोड ज्यादा हो, ऐसे फीडर और ट्रांसफार्मर को चिन्हित करके वहां लोड बढ़ाने के लिए आवश्यक कार्रवाई करें। किसानों के लिए पृथक फीडर के लोड की भी जांच कराये, जिससे कि सिंचाई के लिए विद्युत आपूर्ति बाधा न बने। नगर विकास एवं ऊर्जा मंत्री एके शर्मा ने जनसुनवाई के दौरान अधिकारियों को सख्त निर्देश दिए।
वर्चुअल जनसुनवाई में बोले मंत्री एके शर्मा
ऊर्जा मंत्री शुक्रवार को शक्ति भवन में ’सम्भव’ के तहत वर्चुअल जनसुनवाई कर रहे थे। इस दौरान उन्होंने शिकायतकर्ता से सीधे संवाद कर तथा समस्या के संबंध में अधिकारियों से जानकारी लेने के बाद मौके पर ही विभिन्न जनपदों से आई गंभीर समस्याओं का निस्तारण कराया। उन्होंने संयोजन न देने, ओवरलोडिंग, विद्युतीकरण कराने, संयोजन के स्थाई विच्छेदन, विद्युत पोल हटाने, विद्युत दुर्घटना में मुआवजा दिलाने, अनाधिकृत संयोजन, विद्युत मीटर न लगाने जैसी आदि गंभीर समस्याओं का समाधान कराया। उन्होंने विद्युत कर्मियों को सख्त हिदायत दी कि उपभोक्ताओं की समस्याओं के समाधान में लापरवाही ठीक नहीं है। समस्याओं का समय से समाधान कराया जाए। उन्होंने उपभोक्ताओं से भी अपील की है कि वह अपनी विद्युत संबंधी समस्याओं को विभाग के टोल फ्री नंबर 1912 पर अवश्य दर्ज करायें, जिससे समस्याओं का समय से फीडबैक लिया जा सके।
स्थानीय स्तर पर ही उपभोक्ताओं की समस्याओं का समाधान हो सके, इसके लिए ऊर्जा मंत्री ने सम्भव के तहत प्रत्येक सोमवार को प्रातः 10 बजे अधिशासी अभियंता, 12 बजे अधीक्षण अभियंता तथा सायं 04 बजे मुख्य अभियंता को जनसुनवाई करने के निर्देश दिये, इसी प्रकार मंगलवार को सभी डिस्काम के एमडी अपने स्तर पर जनसुनवाई करेंगे। समस्याओं के स्थाई समाधान के लिए प्रत्येक महीने डिस्काम के सभी एमडी जिलों में कैम्प करेंगे तथा जिले की चार तहसीलों में अधीक्षण अभियंता कैम्प करेंगे।