लखनऊ: आगरा में समाजवादी पार्टी के सांसद रामजी लाल सुमन के घर पर हमले को लेकर राजनीति तेज हो गई है। अब बसपा प्रमुख मायावती ने अखिलेश यादव को गेस्ट हाउस कांड याद दिलाया। उन्होंने शुक्रवार को सोशल मीडिया पर पोस्ट करते हुए लिखा- सपा मुखिया को 2 जून, 1995 को लखनऊ में हुए गेस्ट हाउस कांड को जरूर याद कर लेना चाहिए। जब सपा ने मुझ पर जानलेवा हमला करवाया था, इसका पश्चाताप भी जरूर करना चाहिए।
2. अतः आगरा घटना की आड़ में अब सपा अपनी राजनीतिक रोटी सेंकना बन्द करे तथा आगरा की हुई घटना की तरह यहां दलितों का उत्पीड़न और ज्यादा ना कराये। (2/2)
— Mayawati (@Mayawati) March 28, 2025
वहीं, राष्ट्रवादी जन लोक पार्टी का राष्ट्रीय संयोजक शेर सिंह राणा ने रामजी लाल सुमन को चेतावनी दी है। उन्होंने कहा कि अगर उन्हें बाबर से ही प्रेम है तो मुझे रास्ता अच्छे से पता है, मैं उन्हें बाबर की कब्र पर छोड़ने के लिए तैयार हूं। इसके साथ ही देश में जितने भी ऐसे लोग हैं, जो बाबर को आइडियल मानते हैं। राणा सांगा को जो लोग देश का गद्दार मानते हैं। ऐसे लोगों को भारतवासी काबुल छोड़कर आएंगे। अगर देश की जनता और सरकार चाहे तो मैं उन्हें छोड़कर आऊंगा। वहीं, इनका मकान बनवा देंगे तब इन्हें समझ आएगा।
आगरा आ रहे रामजी लाल सुमन
इधर, रामजी लाल सुमन करणी सेना के हमले के बाद आज अपने आगरा स्थित घर आ रहे हैं। उन्होंने उपराष्ट्रपति जगदीप धनखड़ से मिलकर अपनी और परिवार की सुरक्षा की मांग भी की। सपा सांसद ने राणा सांगा को गद्दार कहने वाले अपने बयान पर अभी भी कायम हैं। उन्होंने दिल्ली में कहा, राणा सांगा पर अपनी टिप्पणी के लिए मैं इस जन्म में माफी नहीं मांगूंगा। मुझे अगले जन्म का पता नहीं है, क्योंकि इतिहास को नकारा नहीं जा सकता है। सपा प्रमुख अखिलेश यादव भी आज आगरा पहुंच सकते हैं। वह सांसद और उनके परिवार से मुलाकात करेंगे।
सपा सांसद के घर पर हुआ था हमला
26 मार्च को करणी सेना ने सपा सांसद के घर पर हमला कर दिया था। 1000 से ज्यादा कार्यकर्ताओं ने तोड़फोड़ और पथराव किया था। सांसद के घर के बाहर खड़ी 10 से ज्यादा गाड़ियां तोड़ डाली थीं। झड़प में 14 पुलिसकर्मी घायल हुए थे। गुरुवार को घटना के विरोध में सपा ने प्रदेशभर में प्रदर्शन किया था।
सपा सांसद ने राज्यसभा में क्या कहा था?
सपा सांसद रामजीलाल सुमन ने 21 मार्च को राज्यसभा में कहा था- भाजपा वालों का तकिया कलाम हो गया कि मुसलमानों में बाबर का डीएनए है। फिर हिंदुओं में किसका डीएनए है? बाबर को कौन लाया? बाबर को भारत में इब्राहीम लोदी को हराने के लिए राणा सांगा लाया था।
मुसलमान बाबर की औलाद हैं तो तुम (हिंदू) गद्दार राणा सांगा की औलाद हो। यह हिंदुस्तान में तय हो जाना चाहिए। बाबर की आलोचना करते हैं, राणा सांगा की नहीं। देश की आजादी की लड़ाई में इन्होंने अंग्रेजों की गुलामी की थी। हिंदुस्तान का मुसलमान बाबर को अपना आदर्श नहीं मानता है। वो मोहम्मद साहब और सूफी परंपरा को आदर्श मानता है।