नेपीदा: म्यांमार में शुक्रवार (28 मार्च) को आए भूकंप में मौत का आंकड़ा लगातार बढ़ता जा रहा है। यूनाइटेड स्टेट जियोलॉजिकल सर्वे (USGS) ने हजारों की संख्या में मौतों की आशंका जताई है। भूकंप के झटके थाईलैंड, बांग्लादेश, चीन और भारत तक महसूस किए गए। म्यांमार की सैन्य सरकार ने कम से कम 694 लोगों की मौत की पुष्टि की है, जबकि 1,670 लोग घायल हैं।
उधर, थाईलैंड में 10 लोगों की मौत हुई है। इस तरह इस आपदा में अब तक 700 से ज्यादा लोगों ने जान गंवाई है। म्यांमार में शुक्रवार सुबह 11:50 बजे 7.7 तीव्रता का भूकंप आया। म्यांमार और थाईलैंड में यह 200 साल का सबसे बड़ा भूकंप है। भारी तबाही के चलते म्यांमार के 6 राज्यों और पूरे थाईलैंड में इमरजेंसी लगा दी गई है।
म्यांमार में भूकंप के बाद भारत ने मदद भेजी
म्यांमार में आए भूकंप के बाद भारत ने मदद भेजी है। 15 टन वाली राहत सामग्री की पहली खेप वहां पहुंच गई है। विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने इसकी पुष्टि की। जायसवाल ने कहा कि इसे ‘ऑपरेशन ब्रह्मा’ नाम दिया गया है। भारतीय विदेश मंत्री एस जयशंकर ने शनिवार को सोशल मीडिया पर लिखा कि म्यांमार के लोगों के लिए पहली खेप के रूप में तात्कालिक मानवीय सहायता भेजी गई है।
उन्होंने बताया कि भारतीय वायु सेना का सी-130 प्लेन कंबल, तिरपाल, स्वच्छता किट, स्लीपिंग बैग, सोलर लैंप, फूड पैकेट और किचन सेट ले जा रहा है। प्लेन में एक सर्च और रेस्कूय टीम के अलावा मेडिकल टीम भी है। जयशंकर ने कहा कि हम स्थिति पर नज़र बनाए रखेंगे और आगे भी सहायता भेजी जाएगी।
भूकंप से सुरक्षित हैं आंग सान सूची
म्यांमार की पूर्व प्रधानमंत्री आंग सान सूची सुरक्षित हैं। यह जानकारी बीबीसी ने सूत्रों के हवाले से दी है। सूची म्यांमार की जेल में कैद हैं। म्यांमार में सेना ने 2021 में तख्तापलट कर दिया था। इसके बाद सूची को हिरासत में रखा गया था। साल 2023 में भ्रष्टाचार समेत कई आरोपों में उन्हें जेल भेज दिया गया।
म्यांमार में भूकंप के बाद 14 और झटके
यूनाइटेड स्टेट्स जियोलॉजिकल सर्वे के मुताबिक शुक्रवार को आए 7.7 तीव्रता के भूकंप के बाद से म्यांमार में कम से कम 14 और झटके आए हैं। ज्यादातर 5 से कम तीव्रता वाले थे। सबसे शक्तिशाली 6.7 तीव्रता का झटका था जो बड़े भूकंप के लगभग 10 मिनट बाद आया।
डोनाल्ड ट्रंप ने म्यांमार की मदद का ऐलान किया
राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने शुक्रवार को कहा कि अमेरिका भूकंप से प्रभावित म्यांमार की मदद करेगा। ट्रम्प ने कहा कि म्यांमार में जो हुआ वह भयानक है। हमने पहले ही वहां बात कर ली है। जल्द ही मदद पहुंचेगी।
वहीं, चीन ने म्यांमार में राहत कार्यों के लिए 37 सस्दयों की एक टीम भेजी है। इस टीम के पास भूकंप के चेतावनी देने वाला सिस्टम, ड्रोन समेत इमरजेंसी में बचाव के लिए जरूरी उपकरणों के 112 सेट हैं। इसके अलावा रूस ने भी म्यांमार में 120 बचाव कर्मियों और आपूर्ति ले जाने वाले दो विमान भेजे हैं।
म्यांमार के छह राज्यों में इमरजेंसी लगाई गई
म्यांमार में भूकंप के बाद देश की सैन्य सरकार ने छह राज्यों में आपातकाल (इमरजेंसी) की स्थिति घोषित की। ये इलाके हैं- सगाइंग, मांडले, बागो, मागवे, शान राज्य (पूर्वी हिस्सा), और नेपीदा। सैन्य सरकार के नेता जनरल मिन आंग ह्लाइंग ने बताया कि नेपीदा में 96 लोग, सागिंग में 18 और मांडले क्षेत्र के क्याक्से टाउनशिप में 30 लोग मारे गए हैं।