बरेली: जिले के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (SSP) अनुराग आर्य के नाम अब एक और बड़ी उपलब्धि जुड़ गई है। उत्तर प्रदेश शासन के आदेश पर उन्हें ‘सिलेक्शन ग्रेड’ में पदोन्नति दी गई है। नए साल पर गुरुवार को बरेली जोन मुख्यालय में आयोजित एक कार्यक्रम के दौरान उन्हें प्रमोशन के प्रतीक अतिरिक्त स्टार और कॉलर बैंड पहनाए गए।
समारोह के दौरान बरेली जोन के एडीजी रमित शर्मा और डीआईजी अजय कुमार साहनी ने एसएसपी अनुराग आर्य के कंधों पर श्वेत धातु के अतिरिक्त सितारे और कॉलर बैंड सुशोभित किए। अधिकारियों ने उन्हें इस नई जिम्मेदारी और उपलब्धि के लिए बधाई देते हुए उज्ज्वल भविष्य की शुभकामनाएं दीं।
बरेली पुलिस ने दी बधाई
इस खास मौके पर एसपी ट्रैफिक मुहम्मद अकमल, एसपी नॉर्थ मुकेश चंद्र मिश्रा सहित मुख्यालय के तमाम वरिष्ठ अधिकारी और कर्मचारी मौजूद रहे। विभाग के अधिकारियों ने एसएसपी अनुराग आर्य के कुशल नेतृत्व और जिले में अपराधियों के खिलाफ चलाए जा रहे उनके सख्त अभियान की सराहना की।
01 जनवरी, 2026
बरेली।अपर पुलिस महानिदेशक, बरेली जोन, श्री रमित शर्मा द्वारा पुलिस उपमहानिरीक्षक बरेली परिक्षेत्र, श्री अजय कुमार साहनी के साथ जोन कार्यालय में आयोजित Pipping Ceremony में वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक, जनपद बरेली, श्री अनुराग आर्य को सेलेक्शन ग्रेड प्राप्त होने पर रैंक… pic.twitter.com/cx1i2Fw31b
— ADG Zone Bareilly (@adgzonebareilly) January 1, 2026
क्या होता है सिलेक्शन ग्रेड?
भारतीय पुलिस सेवा (IPS) में एक निश्चित कार्यकाल और शानदार सर्विस रिकॉर्ड के बाद अधिकारियों को सिलेक्शन ग्रेड दिया जाता है। इसके बाद अधिकारी के रैंक और प्रशासनिक शक्तियों में विस्तार होता है।
अपराधियों के लिए खौफ का पर्याय बने अनुराग आर्य
- इंटरनेशनल गैंग्स का सफाया: बॉलीवुड एक्ट्रेस दिशा पाटनी के घर फायरिंग करने वाले रोहित गोदारा और गोल्डी बराड़ गैंग के खतरनाक शूटर्स को बरेली में दबोचा। पुलिस के साथ मुठभेड़ में दो इंटरनेशनल शूटरों को ढेर कर बड़ी कामयाबी हासिल की।
- एक लाख का इनामी ‘शैतान’ ढेर: दहशत का पर्याय बन चुके एक लाख के इनामी डकैत शैतान सिंह को पुलिस एनकाउंटर में मार गिराया, जिससे तराई और आसपास के इलाकों में अपराध पर लगाम लगी।
- बवालियों पर 300 करोड़ की चोट: 26 सितंबर को बरेली में हुए बवाल के मास्टरमाइंड तौकीर रजा समेत 100 उपद्रवियों को सलाखों के पीछे भेजा। उपद्रवियों की 300 करोड़ की संपत्ति सील और जमींदोज कर नजीर पेश की।
- एनकाउंटर का ‘शतक’: जिले की कमान संभालते ही अपराधियों पर चौतरफा हमला बोला। अब तक 102 से ज्यादा पुलिस मुठभेड़ (एनकाउंटर) हो चुके हैं, जिसमें कई कुख्यात अपराधी घायल हुए या पकड़े गए।
- ड्रग माफियाओं की कमर तोड़ी: पश्चिमी उत्तर प्रदेश के स्मैक और अफीम तस्करों के सिंडिकेट को ध्वस्त किया। करोड़ों की अवैध ड्रग्स बरामद कर दर्जनों तस्करों को जेल भेजा।
- ऑपरेशन ‘संपत्ति कुर्की’: गैंगस्टर एक्ट के तहत अपराधियों की अवैध कमाई से बनाई गई संपत्तियों को कुर्क करने में रिकॉर्ड बनाया। बरेली पुलिस ने प्रदेश में इस मामले में टॉप रैंकिंग हासिल की।
- स्मार्ट पुलिसिंग: जनसुनवाई को पारदर्शी बनाया और पुलिस रेस्पोंस टाइम (PRV) को बेहतर कर आम जनता का भरोसा पुलिस पर बहाल किया।