उत्तर प्रदेश, राजनीति

​​​​​देश के टॉप 20 स्वच्छ शहरों में बरेली, मेयर उमेश गौतम ने कहा- अब टॉप 10 पर है नजर 

​​​​​देश के टॉप 20 स्वच्छ शहरों में बरेली, मेयर उमेश गौतम ने कहा- अब टॉप 10 पर है नजर 

बरेली: स्वच्छ सर्वेक्षण 2024-25 की नई रैंकिंग में बरेली, देशभर में 20वें नंबर पर आ गया है। यह उपलब्धि महज नगर निगम के प्रयासों से नहीं, बल्कि आम लोगों की जागरूकता और सहभागिता से भी संभव हुई है। तीन से 10 लाख की आबादी वाले शहरों की श्रेणी में बरेली ने 80वें पायदान से सीधे 20वें नंबर पर पहुंचकर सबको चौंका दिया। पिछले साल जहां नगर निगम को डोर-टू-डोर कूड़ा उठाने में 98 अंक मिले थे, वहीं इस बार यह आंकड़ा 100 प्रतिशत तक पहुंच गया। कूड़ा निस्तारण, स्वच्छ शौचालय, तालाबों की सफाई और जनजागरूकता जैसे बिंदुओं पर भी बरेली ने बेहतरीन प्रदर्शन किया।

नगर आयुक्त संजीव कुमार मौर्य और महापौर डॉ. उमेश गौतम ने माना कि इस मुकाम तक पहुंचना संभव नहीं था, अगर शहरवासी साथ न देते। वार्ड-वार्ड जाकर टीमों ने जागरूकता फैलाई, स्कूलों में कार्यक्रम हुए, सफाई चौपालें आयोजित हुईं और जगह-जगह ‘कबाड़ से जुगाड़’ की कलाकृतियां बनाई गईं, जिन्होंने रैंकिंग सुधारने में बड़ा रोल निभाया।

इन शहरों को पछाड़ा

बरेली ने इस साल मेरठ, अलीगढ़, शाहजहांपुर और अयोध्या जैसे शहरों को पीछे छोड़ा है। वाटर प्लस सर्टिफिकेशन के साथ गार्बेज फ्री सिटी में भी एक स्टार हासिल किया गया है। सीवर लाइन, एसटीपी और नालों की सफाई जैसे कई पुराने काम अब असर दिखाने लगे हैं।

इस बार सर्वेक्षण 12,500 अंकों के आधार पर किया गया था, जिसमें बरेली को 9913 अंक मिले। फील्ड वेरिफिकेशन, लोगों का फीडबैक और इनोवेटिव आइडिया जैसे मानकों पर नगर निगम ने अच्छा स्कोर किया। पिछली बार जहां रैंकिंग का आधार 9,500 अंक था, वहीं इस बार ज्यादा व्यापक मूल्यांकन हुआ।

महापौर बोले- अब निगाहें टॉप 10 पर

महापौर उमेश गौतम ने कहा, बरेली अब सिर्फ कोशिश नहीं, उपलब्धि का शहर बन चुका है। आने वाले छह महीने में सॉलिड वेस्ट मैनेजमेंट प्लांट शुरू होने जा रहा है। इससे न केवल रैंकिंग सुधरेगी बल्कि शहर की स्वच्छता प्रणाली भी और सुदृढ़ होगी। हमारा अगला टारगेट टॉप-10 में जगह बनाना है।

वहीं, नगर आयुक्त संजीव कुमार मौर्य ने कहा, बरेलीवासियों ने यह साबित कर दिया कि यदि नागरिक और प्रशासन एकजुट होकर काम करें तो कोई भी लक्ष्य दूर नहीं। अब जीरो वेस्ट वार्ड की दिशा में भी तेजी से काम शुरू हो चुका है।

रैंकिंग में सुधार के प्रमुख कारण

  • 100% डोर-टू-डोर कूड़ा उठान
  • 95% सार्वजनिक शौचालयों की सफाई
  • तालाबों की सफाई और रखरखाव में शत-प्रतिशत अंक
  • नागरिक भागीदारी में आईईसी टीम की सक्रियता
  • कूड़ा निस्तारण में पिछली बार से 25% अधिक अंक।

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