Banke Bihari Temple: श्रीबांकेबिहारी मंदिर हाईपवार्ड कमेटी की बैठक में कई महत्वपूर्ण निर्णय लिए गए। बैठक में सीए की ऑडिट रिपोर्ट देखी गई। रिपोर्ट के अनुसार मंदिर में 2013 से लेकर 2016 तक अप्रत्याशित खर्चे हुए हैं। वहीं कोविड काल के कुछ खर्चों पर संदेह हो रहा है। अब उनकी विस्तृत जांच की जा रही है। प्रशासनिक अधिकारियों को जांच में लगाया जाएगा। मंदिर में ठाकुर जी के लगने वाले भोग के लिए आदेश दिए गए हैं कि अपने आराध्य को भोग लगवाने के लिए श्रद्धालुओं को मौका दिया जाएगा। जनवरी से यह व्यवस्था लागू की जाएगी।
श्री बांकेबिहारी मंदिर हाईपावर्ड कमेटी की बैठक लक्ष्मण शहीद सभागार में आयोजित की गई। जिसमें अध्यक्ष हाईकोर्ट के सेवानिवृत्त न्यायाधीश अशोक कुमार ने कई महत्वपूर्ण फैसले लिए। उन्होंने बताया कि कमेटी के सभी सदस्यों से कई बिंदुओं पर चर्चा की गई। मीटिंग सकारात्मक रही। आने वाले दिनों में ठाकुर जी के दर्शन व्यवस्थाओं में सहूलियत तो होगी, लेकिन कई नई व्यवस्थाओं का भी श्रद्धालुओं को सीधे तौर पर लाभ मिलेगा।
भोग व्यवस्था में किया जा रहा है बदलाव
मंदिर में ठाकुर जी को लगने वाली भोग व्यवस्था में बदलाव किया जा रहा है। अब ठाकुर जी का भोग उनके भक्त लगवा सकेंगे। नए साल से ठाकुर जी के भोग के लिए उनके भक्तों को मौका दिया जाएगा। मंदिर में भोग का विवरण और उसका शुल्क निर्धारित किया जाएगा। इस व्यवस्था से श्रद्धालुओं को भी काफी खुशी मिलेगी।
वह उनके भोग का प्रसाद घर ले जा सकेंगे। अभी देखा जा रहा है कि भोग का प्रसाद गोस्वामियों के घर चला जाता है, लेकिन अब आने वाले दिनों में इस व्यवस्था को बदल दिया जाएगा। साथ में सेवायतों के बच्चों की पढ़ाई का खर्चा और पेंशन भी मंदिर की ओर से वर्षाें से दी जा रही है। मंदिर में यह भी अतिरिक्त खर्चा है। इस पर मंथन किया जाएगा। आखिर यह व्यवस्था कब और क्यों शुरू की गई, इसकी पूरी जानकारी करने के बाद इस पर फैसला लिया जाएगा।
इसके अलावा मंदिर की संपत्तियों के बारे में पता लगाने के लिए प्रशासनिक अधिकारियों को निर्देश दिए गए हैं। जानकारी मिली है कि कोटा में बांकेबिहारी मंदिर की करीब 100 बीघा की संपत्ति है, उसकी जांच के लिए अपर जिलाधिकारी को आदेश दिए हैं कि वह एक टीम का गठन करें और राजस्थान के अधिकारियों से बातचीत कर इस समस्या का भी हल करें। इसके अलावा वृंदावन में मौजूद सारी संपत्तियों का भी रिकॉर्ड तैयार किया जाए।
फरवरी से लाइव स्ट्रीमिंग शुरू करने के निर्देश
अध्यक्ष अशोक कुमार ने लाइव स्ट्रीमिंग शुरू करने जा रही सुयोग्या मीडिया के पदाधिकारियों को भी बुलाया और उनका पूरा प्रोजेक्ट समझने के बाद उन्हें निर्देश दिए कि वह 15 फरवरी तक अपने इस कार्य को शुरू करें। कंपनी की ओर से यह सुविधा बिल्कुल मुफ्त की जा रही है। वह विभिन्न कंपनियों के सीएसआर फंड के जरिए यह कार्य पूरा करेगी। मंदिर पर इसका खर्च नहीं पड़ेगा।